मैंने श्रधा जी का ब्लॉग भीगी ग़ज़ल पढा तो मुझे बहुत हर्ष हुआ कि राष्ट्र के ऐसे उज्जवल दीप
जब तक अपना प्रकाश अवलोकित करते रहेंगे तब तक हिन्दी साहित्य नित नई आयाम रचेगा
आप भी उनके सुंदर कृतित्व को सराहिये।
http://bheegigazal.blogspot.com/2009/07/blog-post.html
ओह ! नन्ही चीटियो / दुन्या मिखाईल / अशोक वाजपेयी
10 hours ago

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